देवरिया में भाजपा समेत सभी दलों ने प्रचार में झोकी अपनी ताकत

देवरिया, 30 अक्टूबर(वार्ता) उत्तर प्रदेश में देवरिया सदर विधानसभा सीट के लिये उपचुनाव में भाजपा समेत अन्य दलों ने प्रचार में अपनी ताकत झोकते हुए मतदाता को अपने पक्ष में मतदान करने की अपील कर रहे हैं।
देवरिया सदर विधानसभा सीट में कुल मतदाताओं की संख्या करीब तीन लाख 34 हजार 177 है। जिसमें करीब सबसे ज्यादा तीस फीसदी ब्राह्मण मतदाताओं की संख्या मानी जा रही है।देवरिया सदर सीट से विधायक रहे जन्मेजय सिंह के दिवंगत होने के बाद यहां हो रहे उपचुनाव में प्रमुख दलों ने यहां चार ब्राह्मण उम्मीदवारों को यहां से मैदान में उतारने से यहां की चुनावी लड़ाई रोचक होती जा रही है। यहां अंतिम बार ब्राह्मण विधायक के रूप में जनता दल से राम छबीला मिश्र 1991 में विधायक रहे थे।भाजपा ने यहां से अपने प्रत्याशी सत्य प्रकाश मणि त्रिपाठी के प्रचार में पूरी ताकत झोंक दी है। सत्य प्रकाश मणि के समर्थन में भाजपा के उप मुख्यमंत्रियों केशव प्रसाद मौर्य, डा.दिनेश शर्मा, पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह समेत तमाम प्रदेश के मंत्री चुनाव प्रचार कर चुके हैं। यहां पार्टी उम्मीदवार के प्रचार के लिये बेसिक शिक्षा मंत्री सतीश द्विवेदी, श्रीराम चौहान, मंत्री जय प्रकाश निषाद समेत कई विधायक और सांसद यहां रहकर पार्टी के चुनाव अभियान का संचालन कर रहे हैं।
सपा के वरिष्ठ नेता पूर्व मंत्री ब्रह्माशंकर तिवारी को सपा से यहां अपना उम्मीदवार बनाया है। श्री तिवारी अपने प्रचार अभियान को यहां गति देते हुए अकेला चलो की तर्ज पर अपनी टीम के साथ प्रचार कर रहे हैं। लेकिन अभी तक यहां प्रचार अभियान को और गति देने के लिये सपा पार्टी से किसी शीर्ष नेता का यहां का चुनाव प्रचार में न आना लोगों को खटक रहा है। बहुजन समाज पार्टी ने अपने उम्मीदवार अभय नाथ त्रिपाठी के प्रचार अभियान में अपनी ताकत झोक दी है। पार्टी ने उनके प्रचार अभियान के लिये राम अचल राजभर सहित तमाम नेताओं को यहां प्रचार को गति देने के लिये भेजा है। देवरिया सदर से चुनाव लड़ रहे कांग्रेस के उम्मीदवार मुकुंद भास्कर मणि भी अपनी चुनावी वैतरणी पार लगाने के लिए अपना हाथ पांव मार रहे हैं। उनके पक्ष में कांग्रेस के प्रवक्ता और पूर्व विधायक अखिलेश प्रताप सिंह यहां उनके समर्थन में नुक्कड़ सभा कर चुके हैं।
उपचुनाव में अपना अपना भाग्य आजमा रहे तमाम प्रत्याशी देवरिया का विकास को मुद्दा बनाकर चुनाव प्रचार कर रहे हैं और एक दूसरे पर विकास कार्य न कराये जाने का तोहमत लगाते हुए अपने पक्ष में मतदान करने की अपील करते देखे जा रहे हैं।
देवरिया विधानसभा में विकास की बात किया जाय तो यहां अब भी मूलभूत बुनियादी सुविधाओं का अभाव बना हुआ है।करीब तीन साल के प्रदेश में भाजपा शासनकाल में जहां यहां से भाजपा विधायक। भाजपा की नगरपालिका अध्यक्ष के बावजूद भी शहर के अधिकांश वार्डों में सड़क और स्वच्छ पेयजल का अभाव बना हुआ है।अभी एक माह पूर्व देवरिया शहर नगर पालिका परिषद की घोर लापरवाही का दंश झेलते हुए करीब दस दिनों जलमग्न बना रहा।स्थानीय लोगों के अनुसार देवरिया शहर के कुछ मुहल्लों में आज भी सड़क की सुविधा लोगों को नहीं मिल सकी है।यहां के लोगों का कहना है कि 2014 के लोकसभा चुनाव में यहां से सांसद रहे कलराज मिश्र ने जो कुछ यहां विकास का कार्य कराया है।लेकिन श्री मिश्र के राजस्थान का राज्यपाल बनने के बाद देवरिया में विकास कार्य अपने गति पर नहीं पहुंच सका है।

सं भंडारी

वार्ता


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