श्रीकृष्ण जन्मभूमि केस: मथुरा की कोर्ट ने ईदगाह हटाने की याचिका को किया खारिज
मथुरा. उत्तर प्रदेश में कान्हा की नगरी मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मस्थान परिसर से शाही ईदगाह मस्जिद के कब्जे से 13.37 एकड़ जमीन को श्रीकृष्ण विराजमान को सौंपने के लिए दायर वाद बुधवार को मथुरा कोर्ट ने खारिज कर दिया. सुनवाई के लिए वादी पक्ष के विष्णु जैन, हरीशंकर जैन और रंजन अगिनहोत्री ने सिविल जज सीनियर डिवीज़न न्यायालय में पहुंच कर अपना पक्ष रखा. न्यायालय ने पक्ष की पूरी बात सुनी और सुनवाई पूरी होने के बाद अपने फैसले में वाद को खारिज़ कर दिया.
इससे पहले सोमवार को मथुरा के सिविल कोर्ट में ये वाद लिस्टेड हुआ. कोर्ट को यह तय करना था कि इस याचिका को स्वीकार किया जाए या नहीं, लेकिन सुनवाई को 30 सितंबर तक के लिए टाल दिया गया था.
इन्होंने दाखिल किया वाद
ये वाद भगवान श्रीकृष्ण विराजमान, कटरा केशव देव खेवट, मौजा मथुरा बाजार शहर की ओर से उनकी अधिवक्ता रंजना अग्निहोत्री और छह अन्य भक्तों ने दाखिल किया. हालांकि, प्लेसेज ऑफ वर्शिप एक्ट 1991 इस मामले के आड़े आ रहा था. इस एक्ट के जरिये विवादित राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद मुकदमेबाजी को लेकर मालकिना हक पर मुकदमे में छूट दी गई थी. लेकिन, मथुरा-काशी समेत सभी धार्मिक या आस्था स्थलों के विवादों पर मुकदमेबाजी से रोक दिया गया था.
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें